दिल्ली ब्लास्ट केस में गुरुवार रात सुरक्षा एजेंसियों ने बड़ा एक्शन लिया। पुलवामा में मोस्ट वांटेड आतंकी और डॉक्टर उमर नबी के घर को IED ब्लास्ट से पूरी तरह नष्ट कर दिया गया। यह कार्रवाई DNA रिपोर्ट आने के बाद की गई, जिसमें यह पुष्टि हुई कि 10 नवंबर को दिल्ली में हुए कार ब्लास्ट में मारा गया व्यक्ति उमर नबी ही था।
उमर नबी पुलवामा के कोइल क्षेत्र का रहने वाला था और पिछले कई महीनों से सुरक्षा एजेंसियों के रडार पर था। उसके माता-पिता और दोनों भाइयों को हिरासत में लिया गया है और लगातार पूछताछ की जा रही है।
पिछले 72 घंटों में सुरक्षा बलों ने कश्मीर के 500 से ज्यादा स्थानों पर छापेमारी की है। इस दौरान 600 से अधिक लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। सूत्रों के अनुसार, एजेंसियों को शक है कि इस नेटवर्क से जुड़े कई लोग अभी भी फरार हैं और अलग-अलग राज्यों में छिपे हो सकते हैं।
TV 21 Network को मिली जानकारी के अनुसार, यह नेटवर्क बेहद संगठित और हाई-टेक तरीके से काम कर रहा था।
6 दिसंबर को देशभर में सीरियल धमाकों की साजिश: 32 कारें तैयार थीं
जांच एजेंसियों द्वारा पकड़े गए 8 आतंकियों से पूछताछ में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। उनके मुताबिक, 6 दिसंबर यानी बाबरी विध्वंस की बरसी पर दिल्ली और देशभर के बड़े शहरों में सीरियल ब्लास्ट करने की योजना बनाई गई थी।
इसके लिए 32 कारें पहले से तैयार की गई थीं, जिनमें IED फिट किया जाना था। दिल्ली का ब्लास्ट इस बड़े हमले का टेस्ट रन माना जा रहा है। यह खुलासा बताता है कि देश कितना बड़े खतरे से बच गया।
10 नवंबर दिल्ली ब्लास्ट: 13 की मौत, 20 घायल
दिल्ली में 10 नवंबर को हुए धमाके में अब तक 13 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 20 घायल हैं। इनमें से तीन की हालत अभी भी गंभीर बताई जा रही है।
TV 21 Network ने इस घटना का सबसे क्लोज़ CCTV फुटेज भी एक्सेस किया है, जिसमें धमाके से कुछ सेकंड पहले कार को इलाके में घूमते हुए देखा गया है।
TV 21 Network इन्वेस्टिगेशन नंबर–1: मौलवी इरफान का नेटवर्क
जांच में जो तथ्य सामने आए हैं, वे और भी चौंकाने वाले हैं।
मौलाना मोहम्मद इरफान, जिसने कपड़ों का आतंक फैलाया, सिर्फ तीसरी कक्षा तक पढ़ा हुआ है। वह एक मदरसे में पढ़ाता था, लेकिन इसी ने डॉक्टरों को कट्टरपंथ और आतंक की राह पर धकेला।
17 अक्टूबर को इसी इरफान ने नौगाम में जैश-ए-मोहम्मद का धमकी भरा पोस्टर तैयार किया और प्रिंट करवाया। उसी दिन उसकी गिरफ्तारी हुई और उसके कमरे से कई और धमकी भरे पोस्टर बरामद हुए।
TV 21 Network इन्वेस्टिगेशन नंबर–2: अल-फलाह यूनिवर्सिटी का नेटवर्क
TV 21 Network की एक्सक्लूसिव रिपोर्ट बताती है कि फरीदाबाद की अल-फलाह यूनिवर्सिटी से 4 डॉक्टर आतंक की राह पर निकले। यूनिवर्सिटी के मेडिकल स्टाफ में 40 प्रतिशत कश्मीरी डॉक्टर तैनात हैं।
एक महिला डॉक्टर ने बताया कि 2021 में लेडी आतंकी डॉक्टर शाहीन को प्रोफेसर की नौकरी दी गई थी। बाद में उसने डॉक्टर मुजम्मिल गनी, डॉक्टर उमर नबी और डॉक्टर सज्जाद अहमद को भी यूनिवर्सिटी में भर्ती करवाया।
इन डॉक्टरों ने मिलकर एक हाई-प्रोफाइल “वाइट कॉलर टेरर मॉड्यूल” बनाया, जिसमें पढ़े-लिखे युवाओं को आतंक की ओर ले जाया जा रहा था।
TV 21 Network के बड़े सवाल
क्या देश के बड़े संस्थानों में आतंकी नेटवर्क की गहरी पैठ है?
डॉक्टर जैसा पढ़ा-लिखा वर्ग आतंक की राह क्यों पकड़ रहा है?
क्या इसी तरह के नेटवर्क देश की अन्य यूनिवर्सिटियों में भी सक्रिय हैं?
TV 21 Network इन सभी पहलुओं पर अपनी जांच जारी रखे हुए है।
📺 Your go-to for the latest news & entertainment
🌍 Bringing you global stories, updates, and trends
🎥 Tune in for fresh content every day!
🔔 Stay informed with TV 21 Network!
Gujarat UCC Bill 2026: गुजरात विधानसभा में करीब 7 घंटे की लंबी बहस के बाद समान नागरिक संहिता (यूसीसी) विधेयक को मंजूरी मिल गई है. इस बिल के जरिए धर्म से परे शादी, तलाक, उत्तराधिकार और लिव-इन रिलेशनशिप को विनियमित करने के लिए एक समान कानूनी ढांचा लागू करना है.
Azad Hindu Sena Protest: यूपी के बरेली और अलीगढ़ में हिंदू संगठनों का प्रदर्शन मथुरा में गौरक्षकों पर कार्रवाई और अलीगढ़ में सड़क पर नमाज को लेकर नाराजगी.
Women's Day Special Story: डिजिटल मीडिया और कंटेंट की दुनिया में खुशी राठौर एक सशक्त नाम बनकर उभरी हैं. 'The Stylewire' की संस्थापक, लेखिका और पॉडकास्टर के रूप में उन्होंने अपनी अलग पहचान बनाई है.